📌 भूमिका- Amid Kannada language row
“Amid Kannada language row“, साउथ के दिग्गज अभिनेता कमल हासन एक बार फिर चर्चा में हैं। उनकी नई फिल्म Thug Life जहां एक तरफ दर्शकों के बीच हलचल मचा रही है, वहीं दूसरी ओर उनकी कन्नड़ और तमिल भाषा को लेकर की गई टिप्पणी ने एक नई बहस को जन्म दे दिया है। खास बात ये है कि इस विवाद ने हिंदी थोपे जाने के पुराने मुद्दे को फिर से गर्मा दिया है।
🎬 Thug Life के प्रमोशन के दौरान क्या हुआ?
कमल हासन की फिल्म Thug Life, जो उनके करियर की 234वीं फिल्म है, रिलीज़ से पहले ही विवादों में घिर गई। एक प्रमोशनल इवेंट में उन्होंने कहा कि “कन्नड़ भाषा तमिल से जन्मी है।” इस बयान ने कर्नाटक में भारी विवाद खड़ा कर दिया।
कर्नाटक फिल्म चैंबर ऑफ कॉमर्स (KFCC) ने इस बयान पर नाराज़गी जताई और धमकी दी कि जब तक कमल हासन माफी नहीं मांगते, फिल्म को कर्नाटक में रिलीज़ नहीं होने दिया जाएगा। इसके जवाब में, कमल हासन और उनकी प्रोडक्शन कंपनी Raajkamal Films International ने कोर्ट का रुख किया, लेकिन बाद में निर्माताओं ने खुद ही फिल्म को कर्नाटक में रिलीज़ न करने का निर्णय लिया। Amid Kannada language row

🗣️ कमल हासन का बयान: “हिंदी थोपना गलत है”
फिल्म प्रमोशन के दौरान उन्होंने सिर्फ कन्नड़ को लेकर बात नहीं की, बल्कि हिंदी थोपे जाने पर भी खुलकर अपने विचार रखे। उन्होंने कहा:
“बिना जबरदस्ती के हम सीखते हैं, लेकिन थोपना ठीक नहीं है। भाषा शिक्षा का हिस्सा है, और इसे बाधित नहीं करना चाहिए।”
वे ‘Ek Duuje Ke Liye’ के अभिनेता हैं, जो एक तमिल लड़के और हिंदी बोलने वाली लड़की की प्रेम कहानी थी। ऐसे में उन्होंने याद दिलाया कि वो खुद हिंदी फिल्मों का हिस्सा रहे हैं, लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि हिंदी किसी पर थोपी जाए।
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📍 मुख्य बिंदु – Amid Kannada Language Row
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कमल हासन ने कहा कि “कन्नड़ तमिल से उत्पन्न हुई है” – इस बयान ने विवाद को जन्म दिया।
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कर्नाटक फिल्म चैंबर ने Thug Life की रिलीज़ रोक दी।
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हिंदी थोपे जाने के मुद्दे पर हासन बोले – “बिना थोपे भाषा सीखी जा सकती है”।
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उन्होंने कहा कि “तमिलनाडु में हिंदी थोपना लोगों को अचानक अशिक्षित बना सकता है।”
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कमल हासन ने अंग्रेजी को सबसे व्यावहारिक अंतरराष्ट्रीय भाषा बताया।
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उन्होंने सवाल उठाया – “क्या मेरी भाषा 22 आधिकारिक भाषाओं में नहीं है?”
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उनकी फिल्म Thug Life को नकारात्मक समीक्षाओं का भी सामना करना पड़ा।
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फिल्म ने पहले तीन दिनों में ₹30 करोड़ नेट का कारोबार किया।
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कोर्ट की फटकार के बाद फिल्म निर्माताओं ने कर्नाटक में फिल्म की रिलीज़ टाल दी।
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हासन ने कहा – “मैं पंजाब, कर्नाटक और आंध्र के साथ खड़ा हूं।”
📖 कमल हासन क्यों नहीं मांग रहे माफी? Amid Kannada language row
कमल हासन का साफ कहना है कि वह अपने विचारों से पीछे नहीं हटेंगे। उन्होंने कहा:
“मैंने जो कहा, उसमें कोई दुर्भावना नहीं थी। यह एक भाषाई इतिहास की बात है। इसे गलत तरीके से पेश किया जा रहा है।”
उन्होंने यह भी जोड़ा कि “एक अभिनेता होने के नाते मेरी जिम्मेदारी है कि मैं सामाजिक मुद्दों पर भी अपनी राय रखूं।” Amid Kannada language row
🧠 FAQs – Amid Kannada Language Row पर 10 महत्वपूर्ण प्रश्न और उत्तर
Q1: Amid Kannada language row किससे जुड़ा है?
👉 यह विवाद अभिनेता कमल हासन के उस बयान से जुड़ा है जिसमें उन्होंने कहा कि “कन्नड़ भाषा तमिल से जन्मी है।”
Q2: कमल हासन का बयान किस कार्यक्रम में आया था?
👉 यह बयान उन्होंने अपनी फिल्म Thug Life के प्रमोशन के दौरान चेन्नई में दिया था।
Q3: कर्नाटक में फिल्म Thug Life क्यों नहीं रिलीज़ हुई?
👉 कर्नाटक फिल्म चैंबर ऑफ कॉमर्स ने हासन के बयान से नाराज़ होकर फिल्म की रिलीज़ को रोक दिया जब तक कि वे माफी नहीं मांगते।
Q4: क्या कमल हासन ने माफी मांगी?
👉 नहीं, उन्होंने माफी मांगने से इनकार कर दिया और अपने विचारों को सही बताया।
Q5: हिंदी थोपे जाने पर कमल हासन का क्या कहना है?
👉 उन्होंने कहा कि “हिंदी सीखना गलत नहीं है, लेकिन इसे थोपना उचित नहीं। शिक्षा बाधित होती है।”
Q6: उन्होंने कौन-सी भाषा को व्यावहारिक माना?
👉 उन्होंने अंग्रेजी को आज की सबसे व्यावहारिक अंतरराष्ट्रीय भाषा बताया।
Q7: क्या थग लाइफ को बॉक्स ऑफिस पर अच्छा रिस्पॉन्स मिला?
👉 नहीं, शुरुआती दिनों में फिल्म ने केवल ₹30 करोड़ का नेट कलेक्शन किया और नकारात्मक समीक्षाएं भी मिलीं।
Q8: क्या यह विवाद केवल कर्नाटक तक सीमित है?
👉 नहीं, कमल हासन ने कहा कि “यह केवल कर्नाटक नहीं है, बल्कि पंजाब, आंध्र आदि राज्य भी भाषा थोपे जाने का विरोध करते हैं।”
Q9: क्या यह विवाद राजनीतिक रंग ले चुका है?
👉 हां, DMK जैसे दलों ने पहले भी हिंदी थोपे जाने का विरोध किया है और अब इस मुद्दे पर फिर से सरकार को घेरा है।
Q10: क्या कमल हासन के बयान से फिल्म के भविष्य पर असर पड़ा है?
👉 हां, विवाद और नकारात्मक प्रचार के कारण फिल्म के प्रदर्शन पर असर पड़ा है, खासकर कर्नाटक जैसे बड़े बाजार में।
🎭 कमल हासन की छवि – एक अभिनेता से बढ़कर
कमल हासन सिर्फ एक अभिनेता नहीं हैं, बल्कि एक विचारशील व्यक्तित्व भी हैं। वे अपने विचारों को बिना डर के सामने रखते हैं, चाहे वो भाषा, शिक्षा, राजनीति या समाज से जुड़े हों।
उनका यह बयान भले ही कुछ लोगों को आहत कर गया हो, लेकिन इससे यह साफ होता है कि भाषा और संस्कृति जैसे मुद्दे अब भी भारत में संवेदनशील हैं। “Amid Kannada language row”, उन्होंने जिस तरह से हिंदी थोपे जाने पर बात की, वह न सिर्फ दक्षिण भारत की भावना को दिखाती है, बल्कि एक बहुभाषी देश के रूप में भारत के सामने मौजूद जटिलताओं की भी याद दिलाती है।
✍️ निष्कर्ष-Amid Kannada language row
Amid Kannada language row, कमल हासन एक बार फिर एक साहसी वक्ता के रूप में उभरे हैं। उनका कहना है कि भाषा सीखनी चाहिए, मगर बिना दबाव के। “थग लाइफ” भले ही बॉक्स ऑफिस पर धीमा प्रदर्शन कर रही हो, लेकिन इस फिल्म के जरिए उन्होंने एक महत्वपूर्ण सामाजिक बहस को हवा दी है।
यह विवाद हमें यह सोचने पर मजबूर करता है कि क्या एक राष्ट्र में भाषाई विविधता को सम्मान देने का वक्त नहीं आ गया है? क्या एक भाषा को थोपना सच्चे ‘राष्ट्रीय एकता’ के मार्ग में बाधा नहीं बनता?
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